हाय!

कि वो कुछ इस अदा से शर्माए, कि दिल कहे हाय! अब, कैसे ये अरमान छुपाए! dark_anki Continue reading हाय!

गुमान

लिख रहा हूँ कागज़ पर और, इस कलम को हुआ गुमान है, खैर अब इसे कहाँ मालूम, ये तो मेरे दिल पे छोडे, तेरे निशान हैं। dark_anki Continue reading गुमान

बह गई!

न रोका हमने इन आंसुओं को, सोचा शायद बह जाए वो मोहब्बत, कर बैठे है, जो तुझ से, हैरत मैं हैं, कारनामा देख कर इश्क़ का, आखिर बह गयी, जो हुई थी थोड़ी नफरत, तुझ से! dark_anki Continue reading बह गई!